ललितपुर मेडिकल की नई बिल्डिंग में लिफ्ट के उपयोग को लेकर विवाद
ललितपुर मेडिकल की नई बिल्डिंग में लिफ्ट के उपयोग को लेकर विवाद सामने आया है। समाजवादी पार्टी के युवजन सभा नगर अध्यक्ष सहरोज खान ने जिलाध्यक्ष/जिलाधिकारी (डीएम) को एक ज्ञापन सौंपकर अस्पताल प्रशासन पर मरीजों के परिजनों के साथ भेदभाव और दुर्व्यवहार करने का आरोप लगाया है।
क्या है पूरा मामला?
प्रार्थना पत्र के अनुसार, 02 नवंबर 2026 को सहरोज खान जिला अस्पताल की नई बिल्डिंग में अपने मरीज से मिलने गए थे। आरोप है कि वहां मरीजों के परिजनों को लिफ्ट का उपयोग करने से रोका जा रहा था। जब उन्होंने इसका कारण पूछा, तो संबंधित डॉक्टर द्वारा कथित तौर पर कहा गया कि “लिफ्ट केवल VIP और अस्पताल स्टाफ के लिए है, मरीजों के परिजन रैंप का इस्तेमाल करें”। इसके साथ ही, उनके साथ कथित रूप से धक्का-मुक्की और अभद्र व्यवहार भी किया गया।
ज्ञापन में की गईं प्रमुख मांगें:
लिफ्ट के उपयोग से संबंधित नियमों और प्रतिबंधों की निष्पक्ष जांच कराई जाए।
यदि लिफ्ट केवल VIP और स्टाफ के लिए आरक्षित है, तो उससे संबंधित लिखित आदेश सार्वजनिक किया जाए।
शिकायतकर्ता के साथ हुए कथित दुर्व्यवहार और धक्का-मुक्की की जांच हो।
02 नवंबर 2026 को दोपहर 2 से 3 बजे तक के अस्पताल के CCTV फुटेज तत्काल सुरक्षित कराए जाएं।
जांच में दोषी पाए जाने वाले कर्मचारियों/स्टाफ के खिलाफ उचित कार्रवाई की जाए और भविष्य में मरीजों तथा उनके परिजनों के साथ ऐसा भेदभाव रोका जाए।
सहरोज खान ने ज्ञापन में कहा कि जिला अस्पताल आम जनता, गरीबों और जरूरतमंदों के इलाज का केंद्र है, इसलिए वहां उपलब्ध सुविधाओं पर सभी का समान अधिकार होना चाहिए। ज्ञापन पर विक्की रजक, गौरव देव, राजवीर रजक, विजय प्रजापति, लालसिंह रजक, संदीप यादव, मोशाद खान, अरमान अली समेत अन्य कई पदाधिकारियों व कार्यकर्ताओं के हस्ताक्षर मौजूद हैं।




