एक साथ उठीं तीन भाइयों की अर्थियां, गम में डूबा नीमखेड़ा गांव
ललितपुर। थाना बार क्षेत्र के ग्राम लड़वारी के मजरा नीमखेड़ा में मंगलवार सुबह उस समय हर आंख नम हो गई, जब सड़क हादसे में जान गंवाने वाले दो सगे भाइयों समेत तीन चचेरे भाइयों की अर्थियां एक साथ उठीं। एक ही परिवार से तीन शवों के अंतिम संस्कार का मंजर देख पूरा गांव गम में डूब गया। परिजनों की चीख-पुकार से माहौल बेहद मार्मिक हो उठा।

गौरतलब है कि नेशनल हाईवे-44 पर थाना जखौरा क्षेत्र के कस्बा बांसी स्थित छावड़ा पेट्रोल पंप के पास सोमवार तड़के हुए सड़क हादसे में जसरथ (40), उनके बड़े भाई नाथूराम (42) और चचेरे भाई जगदीश (36) गंभीर रूप से घायल हो गए थे। तीनों भोपाल से सुंदरकांड पाठ में शामिल होकर लौट रहे थे। हादसे के बाद उन्हें जिला मेडिकल कॉलेज पहुंचाया गया, जहां चिकित्सकों ने जसरथ को मृत घोषित कर दिया था। जबकि गंभीर हालत में नाथूराम और जगदीश को झांसी से ग्वालियर रेफर किया गया था। ग्वालियर ले जाते समय जगदीश ने रास्ते में दम तोड़ दिया, जबकि नाथूराम की इलाज के दौरान मौत हो गई।

सोमवार देर रात करीब साढ़े 12 बजे तीनों शव गांव पहुंचे तो पूरे गांव में कोहराम मच गया। मृतकों के घरों पर रिश्तेदारों और ग्रामीणों की भारी भीड़ जुट गई। महिलाएं बिलख-बिलख कर रोती रहीं, वहीं परिजन बदहवास नजर आए।

मंगलवार सुबह करीब 7:20 बजे तीनों भाइयों का अंतिम संस्कार एक साथ किया गया। एक ही घर से तीन अर्थियां उठने का दृश्य देखकर गांव का हर व्यक्ति भावुक हो उठा। अंतिम यात्रा में बड़ी संख्या में ग्रामीण शामिल हुए। पूरे गांव में शोक का माहौल बना हुआ है।




